Bokaro Crime News: घूसखोर प्रधान सहायक एसीबी के शिकंजे में, 8 हजार रुपये लेते रंगेहाथ गिरफ्तार

Bokaro Crime News: घूसखोर प्रधान सहायक एसीबी के शिकंजे में, 8 हजार रुपये लेते रंगेहाथ गिरफ्तार

Bokaro Crime News: भ्रष्टाचार पर धनबाद एसीबी ने गुरुवार को बड़ा शिकंजा कसते हुए पेटरवार प्रखंड कार्यालय में तैनात प्रधान सहायक गुलाम रसूल को 8 हजार रुपये की रिश्वत लेते रंगेहाथ गिरफ्तार कर लिया।

न्यूज इंप्रेशन, संवाददाता 

Bokaro: भ्रष्टाचार पर धनबाद एसीबी ने गुरुवार को बड़ा शिकंजा कसते हुए पेटरवार प्रखंड कार्यालय में तैनात प्रधान सहायक गुलाम रसूल को 8 हजार रुपये की रिश्वत लेते रंगेहाथ गिरफ्तार कर लिया। 15वें वित्त आयोग की योजना की लंबित राशि जारी करने के एवज में घूस मांगने की शिकायत सही पाए जाने के बाद एसीबी ने जाल बिछाया और जैसे ही आरोपी ने केमिकल लगे नोट अपने हाथ में लिए, टीम ने उसे मौके पर ही दबोच लिया। इस कार्रवाई से पूरे प्रखंड कार्यालय में हड़कंप मच गया, जबकि आम लोगों ने इसे भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी और निर्णायक कार्रवाई बताया। जानकारी के अनुसार, 15वें वित्त आयोग की योजना के तहत एक लाभुक का भुगतान लंबे समय से लंबित था। भुगतान कराने के लिए जब उसने प्रखंड प्रधान सहायक गुलाम रसूल से संपर्क किया तो कथित तौर पर 8 हजार रुपये रिश्वत की मांग की गई। लाभुक ने घूस देने से इनकार करते हुए धनबाद एसीबी कार्यालय में लिखित शिकायत दर्ज कराई। प्रारंभिक सत्यापन में शिकायत सही मिलने के बाद एसीबी की टीम ने ट्रैप की योजना बनाई। गुरुवार को पूर्व निर्धारित योजना के तहत लाभुक पेटरवार प्रखंड कार्यालय पहुंचा और केमिकल लगे नोट आरोपी को सौंप दिए। रुपये हाथ में लेते ही पहले से घात लगाए एसीबी अधिकारियों ने उसे रंगेहाथ गिरफ्तार कर लिया। टीम ने रिश्वत की राशि जब्त कर आरोपी को हिरासत में लेते हुए आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए धनबाद रवाना कर दिया। कार्रवाई के बाद स्थानीय ग्रामीणों और जनप्रतिनिधियों ने राहत जताई। लोगों का कहना है कि प्रखंड कार्यालय में बिना पैसे के काम होना मुश्किल हो गया था और योजनाओं का लाभ लेने के लिए भी रिश्वत देनी पड़ती थी। वहीं, पेटरवार की उप-प्रमुख सीमा देवी ने कहा कि प्रखंड कार्यालय में लंबे समय से घूसखोरी की शिकायतें मिल रही थीं। उन्होंने कई बार प्रधान सहायक को इस तरह की गतिविधियां बंद करने की सलाह दी थी, लेकिन उनकी बात को गंभीरता से नहीं लिया गया। उन्होंने एसीबी की कार्रवाई का स्वागत करते हुए कहा कि इससे भ्रष्ट अधिकारियों और कर्मचारियों में कड़ा संदेश जाएगा तथा आम लोगों का सरकारी व्यवस्था पर विश्वास मजबूत होगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *